Budget: पहली बार पूंजीगत व्यय सरकार की उधारी से अधिक होना उत्साहजनक, बुनियादी ढांचे के विकास को मिलेगी रफ्तार
बुनियादी ढांचा सेक्टर देश की आर्थिक रफ्तार की रीढ़ है, यही कारण है कि सरकार इस सेक्टर को मजबूत करने के लिए अब तक 100 लाख करोड़ रुपये से अधिक खर्च कर चुकी है। इस बार 12 लाख 20 हजार करोड़ रुपये इस मद में रखे गए हैं। इसकी सबसे खास बात यह है कि सरकार की कुल उधारी 11 लाख 70 हजार करोड़ रुपये तय की गई है। यानी पहली बार पूंजीगत व्यय का आंकड़ा सरकार की उधारी से अधिक है। यह पूंजीगत व्यय बेहद उत्साहजनक माना जा रहा है। इसे सरकार की मजबूत वित्तीय स्थिति और बुनियादी ढांचा पर बढ़ते फोकस के तौर पर देखा जा रहा है। इसके जरिये देशभर में नई सड़कें, एक्सप्रेसवे और हवाईअड्डे के निर्माण को रफ्तार मिलेगी। रेलवे के सात नए रेल कॉरिडोर देश की प्रगति को नई गति देने वाले साबित होंगे। वहीं, डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर से माल ढुलाई को तेज, सस्ता और ज्यादा प्रभावी बनाएंगे, जिससे उद्योग, व्यापार और लॉजिस्टिक्स सेक्टर को बड़ा फायदा मिलने की उम्मीद है। नए जलमार्ग परिवहन से माल ढुलाई के वैकल्पिक सस्ते साधन बढ़ेंगे 20 नए जलमार्ग विकसित करने की घोषणा की गई है। इसे देश के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। नए वॉटरवेज शुरू होने से परिवहन के वैकल्पिक और सस्ते साधन को बढ़ावा मिलेगा, जिससे लॉजिस्टिक लागत घटेगी और व्यापार-उद्योग को फायदा पहुंचेगा। नए जलमार्ग न सिर्फ दूरी कम करने में मदद करेंगे, बल्कि लॉजिस्टिक लागत में भी बड़ी कटौती करेंगे। अभी तक देश में माल ढुलाई के लिए सड़क, रेल और हवाई परिवहन ही मुख्य साधन रहे हैं, लेकिन 20 नए जलमार्ग के जुड़ने से भारत के बुनियादी ढांचा को एक नया आयाम मिलेगा।
- Source: www.amarujala.com
- Published: Feb 02, 2026, 04:26 IST
Budget: पहली बार पूंजीगत व्यय सरकार की उधारी से अधिक होना उत्साहजनक, बुनियादी ढांचे के विकास को मिलेगी रफ्तार #IndiaNews #National #CapitalExpenditure #Budget #SubahSamachar
