Bihar News: विचाराधीन कैदी नक्सली बीडीओ कोड़ा की PMCH में इलाज के दौरान मौत, परिजनों ने लगाए लापरवाही के आरोप

मुंगेर जेल में साढ़े तीन वर्षों से बंद 45 वर्षीय विचाराधीन कैदी नक्सली बीडीओ कोड़ा उर्फ विनय कोड़ा उर्फ कारेलाल कोड़ा की पटना स्थित पीएमसीएच में इलाज के दौरान मौत हो गई। गुरुवार को मौत की खबर मिलते ही परिजनों और गांव में शोक की लहर दौड़ गई। गांव पहुंचा शव, परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल जब शव लड़ैयाटांड़ थाना क्षेत्र के पैसरा गांव पहुंचा, तो पत्नी लालपरी देवी समेत पूरे परिवार का रो-रो कर बुरा हाल हो गया। अंतिम दर्शन के दौरान ग्रामीणों की भीड़ जुटी रही और माहौल गमगीन बना रहा। परिजनों ने आरोप लगाया कि बीडीओ कोड़ा लंबे समय से बीमार थे और उनके लिवर में संक्रमण था। उनका कहना है कि समय पर बेहतर इलाज के लिए जेल प्रशासन से कई बार गुहार लगाई गई, लेकिन इलाज में देरी होती रही, जिससे उनकी हालत लगातार बिगड़ती चली गई। तीन फरवरी को पीएमसीएच रेफर किए जाने के बाद चार फरवरी को इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। परिजनों ने सरकार से उनके चार बच्चों के भरण-पोषण की मांग की है। पढ़ें-Bihar:परीक्षा केंद्र जा रहे बाइक सवारों को बेकाबू ऑटो रिक्शा ने मारी टक्कर; चाचा का पैर टूटा, भतीजा गंभीर समय-समय पर कराया गया इलाज मुंगेर एसपी सैयद इमरान मसूद ने बताया कि 28 जनवरी को तबीयत खराब होने पर बीडीओ कोड़ा को इलाज के लिए भेजा गया था। इसके बाद 29 और 31 जनवरी को भी उनका उपचार कराया गया। एक फरवरी को सदर अस्पताल भेजे जाने के बाद मेडिकल बोर्ड की सिफारिश पर तीन फरवरी को उन्हें पीएमसीएच पटना रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। शव परिजनों को सौंप दिया गया है। आपराधिक मामलों का रहा इतिहास पुलिस के अनुसार, बीडीओ कोड़ा पर मुंगेर, जमुई और लखीसराय जिले के विभिन्न थानों में कुल 16 मामले दर्ज थे। 11 जुलाई 2022 को मुंगेर एसटीएफ ने उन्हें उनकी महिला साथी पॉली के साथ नोएडा से गिरफ्तार किया था। वह भाकपा-माले के केंद्रीय समिति सदस्य मृतक नक्सली परवेस दा उर्फ अनुज सोरेन के करीबी सहयोगी बताए जाते थे।

  • Source: www.amarujala.com
  • Published: Feb 05, 2026, 20:02 IST
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