West Bengal Assembly Dissolved: पश्चिम बंगाल विधानसभा भंग भाजपा ने खोला ममता के खिलाफ मोर्चा!
भाजपा नेता लॉकेट चटर्जी ने कहा, "ममता बनर्जी को जनता ने पहले से ही मन से हटा दिया था और संविधान के अनुसार आज से वह मुख्यमंत्री नहीं रही और बंगाल में महिलाओं ने जब ममता बनर्जी को लेकर आई थी तो बहुत सारी उम्मीदें थीं लेकिन उन्होंने महिलाओं की क्या हालत कर दी इसलिए महिलाओं ने उनको जवाब दे दिया है। अब हमारा नया मख्यमंत्री होगा और डबल इंजन की सरकार चलेगी। पीएम मोदी के नेतृत्व में सरकार चलेगा भाजपा नेता खगेन मुर्मू ने ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के 'मैं इस्तीफ़ा नहीं दूँगी, मैं हारी नहीं हूँ' वाले बयान पर कहा, "ममता बनर्जी को आज मुख्यमंत्री पद से इतना प्यार हो गया है कि वह पद को छोड़ना नहीं चाह रही हैं तो आज राज्यपाल ने अनुच्छेद 174 के तहत ममता बनर्जी को मुख्यमंत्री पद से हटा दिया है। तो ममता बनर्जी को जनता का जनादेश मानना चाहिए ये बंगाल की जनता का अपमान कर रही हैं। आपको जनता का अपमान करने का अधिकार किसने दिया आपने आज तक ऐसा मुख्यमंत्री नहीं देखा होगा जो जनता का जनादेश न माने. पश्चिम बंगाल की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। विधानसभा भंग होने के बाद राज्य में सियासी हलचल तेज हो गई है और भारतीय जनता पार्टी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ खुला मोर्चा खोल दिया है। भाजपा नेताओं का आरोप है कि राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह बिगड़ चुकी है, प्रशासन पक्षपातपूर्ण तरीके से काम कर रहा है और लोकतांत्रिक संस्थाओं का दुरुपयोग किया जा रहा है। विधानसभा भंग होने के बाद भाजपा ने इसे जनता के जनादेश की हार बताते हुए कहा कि अब राज्य में नए राजनीतिक विकल्प की जरूरत है। भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने कोलकाता समेत कई जिलों में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिए हैं। पार्टी का कहना है कि बंगाल की जनता परिवर्तन चाहती है और आगामी चुनाव में भाजपा पूरी ताकत के साथ मैदान में उतरेगी। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि तृणमूल सरकार भ्रष्टाचार, हिंसा और राजनीतिक प्रतिशोध की राजनीति कर रही थी, जिसके कारण राज्य की स्थिति लगातार खराब होती गई। दूसरी ओर ममता बनर्जी ने भाजपा के आरोपों को राजनीतिक साजिश करार दिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल कर विपक्षी सरकारों को अस्थिर करने की कोशिश कर रही है। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार विधानसभा भंग होने के बाद बंगाल की राजनीति और अधिक आक्रामक हो सकती है। भाजपा इस मौके को राज्य में अपनी पकड़ मजबूत करने के रूप में देख रही है, जबकि तृणमूल कांग्रेस इसे लोकतंत्र बचाने की लड़ाई बता रही है। आने वाले दिनों में राज्य में बड़े स्तर पर रैलियां, जनसभाएं और राजनीतिक अभियान देखने को मिल सकते हैं। विपक्षी दलों की नजर भी बंगाल की स्थिति पर बनी हुई है, क्योंकि इसका असर राष्ट्रीय राजनीति पर भी पड़ सकता है। इस पूरे घटनाक्रम के बीच आम जनता महंगाई, बेरोजगारी और विकास जैसे मुद्दों पर ठोस समाधान चाहती है। अब सभी की निगाहें चुनाव आयोग और आगामी राजनीतिक रणनीतियों पर टिकी हुई हैं कि बंगाल की राजनीति आगे किस दिशा में जाती है।
- Source: www.amarujala.com
- Published: May 08, 2026, 02:30 IST
West Bengal Assembly Dissolved: पश्चिम बंगाल विधानसभा भंग भाजपा ने खोला ममता के खिलाफ मोर्चा! #IndiaNews #National #WestBengalAssemblyDissolved #MamataBanerjeeRefusesToResignWestBengal2026 #BengalAssemblyDissolved #WestBengalAssembly #WestBengalAssemblyNews #WestBengalLegislativeAssembly #WestBengalAssemblyDeadlineMay7 #WestBengalAssemblyTermEnds #WestBengalAssemblyEndsMay7 #WestBengalAssemblyTermEndDate2026 #SubahSamachar
